सबसे अच्छी शायरी 2021 की

 सबसे अच्छी शायरी 2021 की 

यु न बर्बाद कर मुझे अब तो बाज आ दिल दुखाने से में तो सिर्फ इंसान हु पत्थर भी टूट जाता है इतना आजमाने से मोहब्बत उष्को मिलती है जिनका नशीब होता है बहुत कम हाथो में यह मोहब्बत की लकीर होती है कभी कोई अपनी मोहब्बत से ना बिछड़े कसम से ऐसा हालात में बहुत तकलीफ होती है 


हाथ पकड़ कर रोक लेते अगर तुझ पर जरा भी जोर होता मेरा ना रोते हम यु तेरे लिए अगर हमारी जिंदगी में मेरे सिवा कोई और होता है 

हम जुदा हुऐ थे फिर मिलने के लिए जिंदगी की राहों में संग चलने के लिए तेरे प्यार की कोशिस दिल में बसी है कुछ इस कदर दुआ है तेरे साथ मिले जरा सभलने के लिए 

कभी हम पर वो जान दिया करते है जो हम कहते थे वह मान लिया करते थे आज पास से अनजान बन के गुजर गए जो दूर से पहचान लिया करते थे 

मेरी रूह में न समाती तो भूल जाता तुम्हे तुम इतना पास न आती तो भूल जाता तुम्हे यह कहते हुऐ मेरा ताल्लुक नहीं मुंसे कोई आखो में आँसू ना आते तो भूल जाता तुम्हे 

ऊपर से गुस्सा दिल से प्यार करते हो नजरे चराते हो दिल बेकरार करते हो लाख छुपाओ दुनिया से मुझे खबर है तुम मुझे खुद से भी जयादा प्यार करते हो 

आज किसी की दुआ की कमी है तभी तो हमारी आखो में नमी है कोई तो है भूल गया हमें पर हमारे दिल में उशकी जगह वही है 

दो दिलो की मोहब्बत से जलते है लोग तरह तरह की बाते करते है लोग जब चाँद और सूरज का होता है खुलकर मिलन तो उसे भी सूर्यग्रह तक कहते है लोग 

साथ तो जिंदगी भी छोड़ जाती है फिर इंसान क्या चीज है खुद से एक सवाल रोज पूछते है आखिर चल क्या रहा है जिंदगी में लोगो से रिश्ते निभाकर बस एक ही बात सीखी है किसी जी हद से ज्यादा फ़िक्र करोगे तो वो इंसान तुम्हे रदी के भाव समझने लगेगा 

अब ना किसी का दिल दुखागए अब ना किसी पर हक़ जताएगे अब युही खामोश रहकर ये दो पल जिंदगी बिताएगी

ऐ खुदा उसका ख्याल रखना जिसका ख्याल मुझे हर वक्त रहता है ख्वाहिशे कम हो तो पत्थरो पर भी नींद आ जाती है वरनान मखमल का बिस्तर भी चुभता है 

उन्होंने पूछा हमसे तोहफे में क्या चाहिए हमने कहा एक मुलाकात जो कभी ख़त्म ना हो 

BEST फीलिंग आती है जब कोई BUSY  होकर भी बोलो यार तेरे से ज्यादा IMPORTANT  क्या है मेरी लिए 

सब कुछ तोड़ देना लेकिन कभी किसी का भरोसा और उम्मीद मत तोडना इसमें इंसान की आवाज नहीं निकलती पर तकलीफ हद से ज्यादा होती है 

दुआ मागि थी आशियाने की चल पड़ी आँधिया ज़माने की मेरा दर्द कोई नहीं समझ पाया क्योकि मेरी आदत थी मुस्कुराने की 

मेरी मानो तो दिल खोलकर जियो उम्र दुनिया और समाज की सोचगे तो हमेशा सोचते ही रह जाओगे सच तो हम बहोत पहले से जानते थे बस देखना चाहते थे की लोग जुट कहा तक बोल सकते है 

नफरत नहीं है तुमसे लेकिन अब मोहब्बत भी नहीं बिछड़ने का दुःख तो बहुत है पर अब मिलने की चाहत भी नहीं 

छोड़ दिया मेने भी किसी को परेशान करना जिसको खुद मर्जी ना हो बात करने की उससे जबरदस्ती क्या करना 

छोटी छोटी बातो से दिल तोड़ देते हो जब चाहा बात किया जब चाहा छोड़ देते हो कभी कभी शिकायत करने से अच्छा खामोस रहना होता है क्योकि जब फर्क ही नहीं पड़ता है तो शिकायत किसी 


एक बात बोलू कभी किसी से बात करने की आदत मत डालना क्योकि जब वो बात करना छोड़ देता है तो जीना मुश्किल हो जाता है 

रात को सो कर सोना और सुबह किसी को पता न चलने देना जिंदगी ये हुनर भी सीखा देती है ना कसूर आपका है ना गलती मेरी है वक्त ने आपको बदल दिया और आपने मुझे    

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